भाकृअनुप-नार्म ने किया 109वाँ बुनियादी पाठ्यक्रम का उद्घाटन

4 जनवरी, 2019, हैदराबाद

भाकृअनुप-राष्ट्रीय कृषि अनुसंधान प्रबंध अकादमी, हैदराबाद ने आज यहाँ 109वाँ कृषि अनुसंधान सेवा बुनियादी पाठ्यक्रम (फोकार्स) के प्रमुख कार्यक्रम का उद्घाटन किया। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के कृषि अनुसंधान सेवा में नए भर्ती हुए प्रोबेशनर्स वैज्ञानिकों के लिए फोकार्स तीन महीने का बुनियादी कार्यक्रम है। इस कार्यक्रम में युवा कृषि अनुसंधान सेवा प्रोबेशनर्स की दक्षताओं के निर्माण के लिए विभिन्न घटकों को शामिल किया गया है, जो कृषि विज्ञान के विभिन्न विशिष्ट विषयों से संबंधित हैं, उन्हें इस कार्यक्रम के अंत में भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के विभिन्न शोध संस्थानों में रखा जाएगा।

109th Foundation Course Inaugurated at ICAR-NAARM  109th Foundation Course Inaugurated at ICAR-NAARM

डॉ. जे. सी. कात्याल, पूर्व उप महानिदेशक (शिक्षा), भाकृअनुप, नई दिल्ली ने इस प्रमुख कार्यक्रम का उदघाटन किया, जिनमें 32 कृषि अनुसंधान सेवा प्रोबेशनर्स ने भाग लिया। उद्घाटन भाषण में उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कृषि वैज्ञानिकों के अनुसंधान उत्पादन से किसानों की कृषि आय में वृद्धि, खाद्य सुरक्षा का समर्थन और पर्यावरण सुरक्षा होनी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि वैज्ञानिकों को किसानों के मुद्दों को को समझने और तदनुसार अनुसंधान क्षेत्रों को विकसित करने के लिए क्षेत्र का अनुभव प्राप्त करना चाहिए। उन्होंने एक स्वच्छ परिसर बनाए रखने और स्वच्छ भारत की देखभाल के लिए संस्थान के प्रयासों की सराहना की।

डॉ. चौधरी श्रीनिवास राव, निदेशक, भाकृअनुप-नार्म, ने बुनियादी कार्यक्रमों में डिजाइन किए गए फोकार्स के महत्त्व और नई पहलों को रेखांकित किया। उन्होंने जोर देकर कहा कि कृषक समुदाय खासकर संसाधनरहित किसानों की सेवा के लिए युवा वैज्ञानिकों की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।

(स्त्रोत: भाकृअनुप-राष्ट्रीय कृषि अनुसंधान प्रबंध अकादमी, हैदराबाद)