केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्री ने किया बीज आलू ग्राम के विकास का शुभारंभ

28 अक्तूबर, 2018, पीपरा कोठी पूर्वी चंपारण

भा.कृ.अनु.प. - केंद्रीय आलू अनुसंधान संस्थान शिमला हि. प्र. द्वारा कृषि विज्ञान केंद्र पीपरा कोठी पूर्वी चंपारण में आज बीज आलू ग्राम के विकास हेतु एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया।

केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्री ने किया बीज आलू ग्राम के विकास का शुभारंभ   केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्री ने किया बीज आलू ग्राम के विकास का शुभारंभ केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्री ने किया बीज आलू ग्राम के विकास का शुभारंभ

श्री राधा मोहन सिंह, केंद्रीय कृषि व किसान कल्याण मंत्री, ने कार्यशाला के मुख्य अतिथि के तौर पर अपने भाषण में इस बात पर विशेष बल दिया कि किसान की आय कैसे दोगुनी हो। उन्होंने कहा कि समेकित कृषि प्रणाली जैसे बागवानी, सहफसली खेती, मिश्रित खेती, बकरी-पालन, मुर्गी पालन, मछली पालन, दुग्ध उत्पादन एवं शहद उत्पादन इत्यादि अवयवों का समावेश आवश्यक है। साथ ही, खेतों के मेढ़ो पर नारियल के पेड़ लगा कर अतिरिक्त आय के सृजन पर बल दिया। इसके अलावा बाँस के रोपण और उसके व्यवसायीकरण पर भी प्रकाश डाला। अंत में, इफको द्वारा विकसित समुद्र में पाली जाने वाली खरपतवार से बनी रसायन का आलू एवं अन्य फसलों में प्रयोग पर विस्तार से जानकारी दी।

श्री प्रमोद कुमार, पर्यटन मंत्री, बिहार सरकार, ने विशिष्ट अतिथि के रूप में सभा को संबोधित किया।

डॉ. स्वरूप कुमार चक्रवर्ती, निदेशक, केंद्रीय आलू अनुसंधान संस्थान शिमला, ने कार्यशाला के उद्देश्य तथा कार्यक्रम का विस्तृत रूप-रेखा प्रस्तुत किया। इस कार्यशाला में 550 किसानों को प्रशिक्षित किया गया।

(स्त्रोत: कृषि विज्ञान केंद्र, पीपरा कोठी पूर्वी चंपारण)